January 15, 2026

धार्मिक कट्टरता और कन्वर्ज़न रैकेट का भंडाफोड़: पाकिस्तान और दुबई कनेक्शन उजागर, छह गिरफ्तार

धार्मिक कट्टरता और कन्वर्ज़न रैकेट का भंडाफोड़: पाकिस्तान और दुबई कनेक्शन उजागर, छह गिरफ्तार
Spread the love

दैनिक प्रभातवाणी
27 जुलाई 2025 | देहरादून ब्यूरो

धार्मिक कट्टरता और कन्वर्ज़न रैकेट का भंडाफोड़: पाकिस्तान और दुबई कनेक्शन उजागर, छह गिरफ्तार

उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में एक बार फिर अंतर्राष्ट्रीय साज़िश का बड़ा खुलासा हुआ है। देहरादून पुलिस ने एक ऐसे कन्वर्ज़न रैकेट का पर्दाफाश किया है जो धार्मिक कट्टरता फैलाकर लोगों का जबरन धर्म परिवर्तन कराने में सक्रिय था। इस गिरोह के छह सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया गया है। जांच में सामने आया है कि इस नेटवर्क के तार पाकिस्तान और दुबई में बैठे कुछ संदिग्ध संगठनों से भी जुड़े हुए हैं।

पुलिस की सटीक कार्रवाई और प्रशासन का कड़ा रुख

राज्य पुलिस की आतंकवाद निरोधक शाखा (ATS) और स्थानीय खुफिया इकाइयों की संयुक्त कार्यवाही के तहत इस पूरे गिरोह को ट्रैक किया गया। ये आरोपी कुछ समय से देहरादून, हरिद्वार और रुड़की के आसपास सक्रिय थे। ये गिरोह नाबालिग बच्चों, गरीब वर्ग और सामाजिक रूप से पिछड़े समुदायों को निशाना बनाकर पहले आर्थिक मदद का लालच देते थे, फिर उन्हें दबाव में धर्म परिवर्तन के लिए मजबूर करते थे।

जांच में पता चला कि गिरोह को पाकिस्तान और दुबई से फंडिंग मिल रही थी। हवाला चैनलों के ज़रिए पैसे भारत लाए जाते थे और यहां धार्मिक रूपांतरण कार्यों में खर्च किए जाते थे।

संपत्ति ज़ब्त और ध्वस्तीकरण की कार्रवाई

पुलिस सूत्रों के अनुसार, आरोपियों के पास से भारी मात्रा में आपत्तिजनक सामग्री, डिजिटल उपकरण, विदेशों से भेजे गए फंड ट्रांसफर के सबूत, और फर्जी पहचान पत्र बरामद किए गए हैं। इसके साथ ही जिला प्रशासन ने आरोपियों की स्थानीय संपत्तियों की पहचान कर उन्हें ध्वस्त करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है।

शासन की ओर से स्पष्ट किया गया है कि धार्मिक उन्माद और कट्टरता फैलाने की किसी भी कोशिश को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। आरोपी जिन मकानों और कार्यालयों से अपनी गतिविधियाँ चला रहे थे, उन्हें चिन्हित कर बुलडोज़र चलाया गया है।

मुख्यमंत्री ने की सख्त टिप्पणी

इस मामले पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि,

“राज्य में किसी भी प्रकार की धार्मिक कट्टरता, जबरन धर्मांतरण या बाहरी फंडिंग से चलने वाले राष्ट्रविरोधी नेटवर्क को पूरी तरह से कुचल दिया जाएगा। यह सरकार ‘जीरो टॉलरेंस’ की नीति पर काम कर रही है।”

मुख्यमंत्री ने यह भी संकेत दिए हैं कि राज्य में जल्द ही धार्मिक स्थलों और संगठनों की फंडिंग जांच के लिए एक विशेष निगरानी समिति बनाई जाएगी।

राष्ट्रीय सुरक्षा में खतरनाक कड़ी

विशेषज्ञों का मानना है कि यह सिर्फ एक राज्य स्तर का मामला नहीं है, बल्कि यह एक गहरी और संगठित अंतरराष्ट्रीय साजिश की कड़ी है, जो भारत में अस्थिरता फैलाने की मंशा रखती है। धार्मिक असहिष्णुता फैलाकर समाज को बांटने की कोशिशें देश की एकता और अखंडता के लिए गंभीर खतरा हैं।

भविष्य की रणनीति: धार्मिक कानून को और कठोर बनाया जाएगा

राज्य सरकार अब मौजूदा धार्मिक स्वतंत्रता कानूनों की समीक्षा कर रही है ताकि किसी भी व्यक्ति या संगठन द्वारा धर्म के नाम पर शोषण, लालच, या दबाव डालकर धर्मांतरण जैसी गतिविधियों पर पूर्ण रोक लग सके। साथ ही, धार्मिक ट्रस्टों की वित्तीय जांच भी की जाएगी।


निष्कर्ष:
देहरादून में पकड़े गए कन्वर्ज़न रैकेट ने एक बार फिर यह स्पष्ट कर दिया है कि उत्तराखंड जैसे शांत और धार्मिक राज्य को भी अंतर्राष्ट्रीय कट्टरपंथी ताकतें अस्थिर करने की साजिश रच रही हैं। लेकिन राज्य प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों की तत्परता से इस नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ और इससे जुड़े लोगों पर कड़ी कार्रवाई की गई। आने वाले समय में इस मामले से जुड़े और भी नाम उजागर हो सकते हैं।