Spread the loveदेहरादून। उत्तराखंड में बिजली उपभोक्ताओं को जून महीने से अतिरिक्त आर्थिक बोझ का सामना करना पड़ रहा है। हालांकि राज्य में वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए बिजली की मूल दरों में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है, लेकिन फ्यूल एंड पावर परचेज कॉस्ट एडजस्टमेंट (FPPCA) के तहत नया सरचार्ज लागू होने से बिजली बिल महंगे हो गए हैं। इसका असर बीपीएल, घरेलू, कृषि और अन्य सभी श्रेणियों के उपभोक्ताओं पर पड़ेगा। उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग ने अप्रैल 2026 में जारी टैरिफ आदेश में बिजली कंपनियों द्वारा प्रस्तावित लगभग 18.86 प्रतिशत बढ़ोतरी को मंजूरी नहीं दी थी। आयोग ने उपभोक्ताओं को राहत देते हुए मूल बिजली दरों और फिक्स्ड चार्ज को पहले जैसा ही बनाए रखा। इसके बावजूद जून 2026 से लागू FPPCA सरचार्ज के कारण उपभोक्ताओं के मासिक बिल में वृद्धि दिखाई देने लगी है। ऊर्जा क्षेत्र के अधिकारियों के अनुसार उत्तराखंड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (UPCL) को गर्मियों के दौरान बिजली की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए एक्सचेंज और बाहरी स्रोतों से महंगी दरों पर बिजली खरीदनी पड़ी। इसी अतिरिक्त खर्च की भरपाई के लिए FPPCA सरचार्ज लगाया गया है। यह सरचार्ज मूल बिजली दर के अतिरिक्त लिया जाता है और हर महीने बदल सकता है। नई व्यवस्था के तहत उपभोक्ताओं को 23 पैसे से लेकर 1.01 रुपये प्रति यूनिट तक अतिरिक्त भुगतान करना पड़ सकता है। बिजली की खपत जितनी अधिक होगी, उपभोक्ताओं पर आर्थिक प्रभाव भी उतना ही ज्यादा पड़ेगा। बीपीएल श्रेणी के उपभोक्ता, जो अब तक कम दरों पर बिजली प्राप्त कर रहे थे, उन्हें भी इस अतिरिक्त सरचार्ज का असर झेलना होगा। राज्य में वर्तमान मूल बिजली दरें यथावत रखी गई हैं। बीपीएल उपभोक्ताओं के लिए बिजली की दर 1.85 रुपये प्रति यूनिट बनी हुई है। इसी प्रकार 0 से 100 यूनिट तक 3.65 रुपये, 101 से 200 यूनिट तक 5.25 रुपये, 201 से 400 यूनिट तक 7.15 रुपये तथा 400 यूनिट से अधिक खपत पर 7.80 रुपये प्रति यूनिट की दर लागू है। फिक्स्ड चार्ज भी पूर्ववत रखा गया है। हालांकि आयोग ने उपभोक्ताओं को कुछ राहत देने के लिए कई प्रोत्साहन योजनाएं भी जारी रखी हैं। घरों में प्रीपेड मीटर लगाने वाले उपभोक्ताओं को 4 प्रतिशत तक की छूट मिल सकती है। अन्य श्रेणियों के उपभोक्ताओं के लिए 3 प्रतिशत की छूट का प्रावधान है। इसके अलावा डिजिटल माध्यम से बिजली बिल का भुगतान करने पर 1.5 प्रतिशत तक की अतिरिक्त छूट दी जा रही है। सौर ऊर्जा का उपयोग बढ़ाने के लिए बड़े उपभोक्ताओं को विशेष प्रोत्साहन भी दिया जा रहा है। बिजली बिल में बढ़ोतरी की खबर सामने आने के बाद राज्यभर में उपभोक्ताओं के बीच चर्चा शुरू हो गई है। विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले महीनों में बिजली खरीद लागत के आधार पर FPPCA सरचार्ज में बदलाव संभव है। ऐसे में उपभोक्ताओं को बिजली की बचत और उपलब्ध छूट योजनाओं का लाभ उठाने की सलाह दी जा रही है। Post Views: 2 Post navigation उत्तराखंड में मौसम का बदला मिजाज, 7 जिलों में येलो अलर्ट जारी, तेज हवाओं और ओलावृष्टि की चेतावनी ₹800 करोड़ के LUCC घोटाले में CBI का बड़ा एक्शन, मुंबई से गिरफ्तार हुए दो मुख्य मास्टरमाइंड