Spread the loveदेहरादून। चलती बस में अचानक आग लगने से यात्रियों में हड़कंप मच गया। देखते ही देखते बस से धुआं उठने लगा और कुछ ही मिनटों में आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। घटना के दौरान बस में सवार यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई, लेकिन चालक और परिचालक की सूझबूझ के चलते सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, हालांकि बस पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण डीजल लीकेज और तकनीकी खराबी माना जा रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार बस के ईंधन सिस्टम में रिसाव होने से डीजल इंजन के अत्यधिक गर्म हिस्सों या एग्जॉस्ट पाइप पर गिरा, जिससे आग भड़क गई। कुछ मामलों में शॉर्ट सर्किट भी ऐसी घटनाओं का कारण बन सकता है। आग लगने के बाद कुछ ही मिनटों में धुआं पूरे वाहन में फैल गया, जिससे यात्रियों में दहशत का माहौल बन गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार बस में धुआं उठता देख यात्रियों ने तुरंत चालक को सूचना दी। चालक ने वाहन को सड़क किनारे रोका और सभी यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने की प्रक्रिया शुरू की। कई यात्रियों ने बताया कि यदि कुछ मिनट और देरी हो जाती तो स्थिति गंभीर हो सकती थी। विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं वाहनों के नियमित रखरखाव में लापरवाही के कारण सामने आती हैं। पुरानी ईंधन पाइपलाइन, ढीले क्लैंप, खराब वायरिंग और फिटनेस जांच में कमी दुर्घटनाओं का बड़ा कारण बनती हैं। परिवहन नियमों के अनुसार प्रत्येक व्यावसायिक बस में कार्यशील अग्निशामक यंत्र होना अनिवार्य है और लंबी दूरी की यात्रा से पहले वाहन की तकनीकी जांच आवश्यक होती है। घटना के बाद स्थानीय प्रशासन और परिवहन विभाग ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि यदि किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है तो संबंधित संचालक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। वहीं यात्रियों से भी अपील की गई है कि यात्रा के दौरान धुआं, जलने की गंध या किसी तकनीकी खराबी का संकेत मिलने पर तुरंत चालक और परिचालक को सूचित करें। यह घटना एक बार फिर सार्वजनिक परिवहन में सुरक्षा मानकों के कड़ाई से पालन की आवश्यकता को रेखांकित करती है। समय रहते यात्रियों को बाहर निकाल लिए जाने से एक बड़ा हादसा टल गया, लेकिन इस घटना ने वाहन सुरक्षा और नियमित तकनीकी जांच की महत्ता को फिर उजागर कर दिया है। Post Views: 2 Post navigation उत्तराखंड में मौसम का दोहरा मिजाज: पहाड़ों में बारिश, मैदानों में गर्मी ने बढ़ाई चुनौती गंगा में सेल्फी बनी जानलेवा, पत्नी और बेटी के सामने बह गए सॉफ्टवेयर इंजीनियर