हरिद्वार में जीएसटी क्लर्क 20 हजार की रिश्वत लेते गिरफ्तार, 18 साल से था संविदा पर कार्यरत
दैनिक प्रभातवाणी
दिनांक: 24 फरवरी 2026 | स्थान: हरिद्वार, उत्तराखंड
हरिद्वार से भ्रष्टाचार की एक बड़ी खबर सामने आई है। रोशनाबाद स्थित जीएसटी कार्यालय में कार्यरत डाटा एंट्री ऑपरेटर प्रमोद सेमवाल को विजिलेंस की टीम ने रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपी पिछले 18 वर्षों से सहायक आयुक्त राज्य कर खंड 3 हरिद्वार कार्यालय में संविदा के माध्यम से तैनात था।
सूत्रों के अनुसार, मामले की शुरुआत एक शिकायत से हुई। शिकायतकर्ता ने बताया कि उसकी हिमांशी पैकेजिंग इंडस्ट्री, जो 2021 में बंद हो चुकी थी, के लिए साल 2017 के अंतिम तीन महीने का वैट टैक्स निपटाने के दौरान विभाग ने 1 लाख 76 हजार रुपए बकाया बताया था।
इस मामले को निपटाने के एवज में प्रमोद सेमवाल ने शिकायतकर्ता से 1 लाख 20 हजार रुपए नगद की मांग की और इसे किस्तों में देने को कहा। विजिलेंस को शिकायत मिलने के बाद उन्होंने जाल बिछाकर आज यानी 24 फरवरी को प्रमोद सेमवाल को 20 हजार रुपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार किया।
आरोपी प्रमोद सेमवाल पुत्र शिव शरण सेमवाल, निवासी सिद्धार्थ एन्क्लेव, द्वारिका विहार, जगजीतपुर (हरिद्वार) की पहचान हुई है। गिरफ्तारी के बाद विजिलेंस आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई कर रही है। इसके साथ ही उसके आय-व्यय और अन्य वित्तीय जानकारियों की जांच की जा रही है और आगे की कानूनी कार्रवाई की तैयारी भी की जा रही है।
विशेषज्ञों का कहना है कि उत्तराखंड में रिश्वतखोरी रोकने के लिए लगातार अभियान चलाए जा रहे हैं। इससे पहले हरिद्वार में जिला पूर्ति अधिकारी और उसके सहायक 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते गिरफ्तार हुए थे। इसके अलावा रुड़की में एक सरकारी डॉक्टर को भी रिश्वत लेते विजिलेंस की टीम ने पकड़ा था।
इस घटना ने राज्य में सरकारी कार्यालयों में पारदर्शिता और भ्रष्टाचार के खिलाफ अभियान की गंभीरता को एक बार फिर उजागर कर दिया है।