भारत में सामाजिक सुरक्षा कवरेज 64.3% के पार, 94 करोड़ से अधिक लोग लाभान्वित — ILO ने की सराहना

भारत में सामाजिक सुरक्षा कवरेज 64.3% के पार, 94 करोड़ से अधिक लोग लाभान्वित — ILO ने की सराहना
नई दिल्ली: भारत ने सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। हाल ही में जारी रिपोर्ट के अनुसार, देश में अब 64.3% जनसंख्या सामाजिक सुरक्षा के दायरे में आ चुकी है, जिससे 94 करोड़ से अधिक लोग लाभान्वित हो रहे हैं। अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन (ILO) ने भारत के इस प्रदर्शन की खुलकर सराहना की है।
क्या है सामाजिक सुरक्षा कवरेज?
सामाजिक सुरक्षा कवरेज में वे सभी योजनाएं शामिल हैं जिनसे नागरिकों को स्वास्थ्य, पेंशन, जीवन बीमा, मातृत्व लाभ, बेरोजगारी सहायता आदि प्राप्त होती हैं। भारत में इसके अंतर्गत कई योजनाएं आती हैं जैसे:
आयुष्मान भारत
प्रधानमंत्री श्रम योगी मान-धन योजना
ईपीएफ/ईएसआई (PF/ESI)
राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम (NSAP)
ई-श्रम पोर्टल
कवरेज में तेजी से वृद्धि कैसे हुई?
विशेषज्ञों का मानना है कि इस बढ़त का मुख्य कारण है:
ई-श्रम पोर्टल का प्रभावी संचालन, जिसके माध्यम से असंगठित क्षेत्र के करोड़ों श्रमिकों का पंजीकरण हुआ।
डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर और आधार आधारित प्रमाणीकरण की मदद से योजनाओं की पहुंच सीधे लाभार्थी तक सुनिश्चित हुई।
सरकार की “सबका साथ, सबका विकास” नीति के तहत ग्रामीण और सीमांत वर्गों तक योजनाओं का विस्तार।
ILO की प्रतिक्रिया:
अंतर्राष्ट्रीय श्रम संगठन (ILO) ने अपनी नई रिपोर्ट में कहा:
“भारत ने अल्प समय में सामाजिक सुरक्षा कवरेज में अभूतपूर्व वृद्धि की है। यह न केवल विकासशील देशों के लिए प्रेरणा है, बल्कि वैश्विक स्तर पर सामाजिक समावेश का सशक्त उदाहरण भी है।”
भविष्य की योजना:
भारत सरकार ने 2026 तक सामाजिक सुरक्षा कवरेज को 80% तक ले जाने का लक्ष्य रखा है। इसके लिए:
असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों का डेटा मजबूत किया जा रहा है
गिग और प्लेटफॉर्म वर्कर्स के लिए विशिष्ट योजनाएं लाई जा रही हैं
श्रम संहिताओं के कार्यान्वयन को और पारदर्शी बनाया जा रहा है
संपादकीय टिप्पणी:
भारत जैसे विशाल जनसंख्या वाले देश में सामाजिक सुरक्षा एक चुनौतीपूर्ण कार्य है, लेकिन जिस तरह से डिजिटल तकनीक और योजनाओं के समन्वय से यह कवरेज बढ़ी है, वह निश्चित ही वैश्विक प्रशंसा के योग्य है