Spread the loveदेहरादून। राजधानी देहरादून के पटेलनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत भुड्डी गांव में हुई एक युवक की हत्या की गुत्थी को दून पुलिस ने महज 10 घंटे के भीतर सुलझाने का दावा किया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि मृतक की हत्या किसी बाहरी व्यक्ति ने नहीं, बल्कि उसके ही छोटे भाई ने की थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और उसके खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में कार्रवाई की जा रही है। पुलिस के अनुसार रविवार रात भुड्डी गांव निवासी सोहेल हारून की घर के भीतर गोली लगने से मृत्यु हो गई थी। घटना के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों की ओर से यह आशंका जताई गई थी कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने घर में घुसकर वारदात को अंजाम दिया है। सूचना मिलने के बाद पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और मामले की गहन जांच शुरू की गई। जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। अधिकारियों को प्रारंभिक जांच में कई ऐसे तथ्य मिले, जिन्होंने अज्ञात हमलावर की कहानी पर सवाल खड़े कर दिए। घर में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग डिलीट पाई गई, जबकि आसपास लगे अन्य कैमरों की फुटेज में भी किसी संदिग्ध व्यक्ति की आवाजाही दिखाई नहीं दी। इन परिस्थितियों ने जांच को परिवार के भीतर की गतिविधियों की ओर मोड़ दिया। पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और परिस्थितिजन्य प्रमाणों के आधार पर परिवार के सदस्यों से अलग-अलग पूछताछ शुरू की। इसी दौरान मृतक के छोटे भाई शाहिद हारून के बयानों में कई विरोधाभास सामने आए। संदेह गहराने पर पुलिस ने उससे विस्तृत पूछताछ की। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। जांच में यह भी सामने आया कि घटना में प्रयुक्त 32 बोर की देशी पिस्टल घर के बाथरूम से बरामद की गई। पुलिस के अनुसार आरोपी ने हत्या के बाद हथियार को छिपाने का प्रयास किया था, लेकिन जांच टीम ने उसे बरामद कर लिया। पुलिस पूछताछ में सामने आए तथ्यों के अनुसार आरोपी शाहिद हारून कथित रूप से नशे और अत्यधिक खर्च करने की आदतों से जुड़ा हुआ था। जांच में यह बात सामने आई कि कुछ समय पहले उसने अपने पिता के एटीएम कार्ड का उपयोग कर बड़ी धनराशि निकाल ली थी। इस बात को लेकर परिवार में विवाद हुआ था और बड़े भाई सोहेल ने उसे फटकार लगाई थी। पुलिस का दावा है कि इसी विवाद और आपसी तनाव के चलते आरोपी ने अपने बड़े भाई की हत्या की योजना बनाई। पुलिस अधिकारियों के अनुसार वारदात को अंजाम देने से पहले आरोपी ने घर में लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग बंद कर दी थी ताकि घटना का कोई प्रत्यक्ष प्रमाण न मिल सके। इसके बाद उसने मौके का फायदा उठाकर अपने बड़े भाई को गोली मार दी। हत्या के बाद उसने पूरी घटना को अज्ञात हमलावर द्वारा की गई वारदात के रूप में प्रस्तुत करने का प्रयास किया। मामले की जांच के दौरान एक और महत्वपूर्ण तथ्य सामने आया। पुलिस का कहना है कि घटना के बाद आरोपी ने स्वयं को निर्दोष और पीड़ित दिखाने के लिए स्थानीय लोगों को एकत्रित किया तथा मृतक के शव को देहरादून-पांवटा राष्ट्रीय राजमार्ग पर रखकर प्रदर्शन कराया। इससे कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। पुलिस के अनुसार इस कार्रवाई का उद्देश्य जांच को भटकाना और संदेह को किसी बाहरी व्यक्ति की ओर मोड़ना था। पुलिस ने बताया कि राजमार्ग जाम किए जाने की घटना को लेकर अलग से भी कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस संबंध में नामजद और अन्य अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है और उनकी भूमिका की जांच की जा रही है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने कहा कि वैज्ञानिक जांच, तकनीकी साक्ष्यों और टीमवर्क के कारण इस संवेदनशील मामले का खुलासा कम समय में संभव हो पाया। पुलिस ने दावा किया कि मामले की हर कड़ी को जोड़कर सच्चाई तक पहुंचा गया और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। फिलहाल आरोपी को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया चल रही है। पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच जारी है और आवश्यकतानुसार आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। Post Views: 2 Post navigation पूर्व विधायक सुरेश राठौर गिरफ्तार, अंकिता भंडारी केस से जुड़े ऑडियो विवाद में 14 दिन की न्यायिक हिरासत सहसपुर हत्याकांड में पांचवीं गिरफ्तारी, मुख्य आरोपी इम्तियाज दबोचा गया, फरार आरोपियों की तलाश जारी