Spread the love हरिद्वार। चारधाम यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के आर्थिक शोषण को रोकने के लिए परिवहन विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए ओवरचार्जिंग करने वाले तीन ई-रिक्शा चालकों के वाहनों को सीज कर दिया। लगातार मिल रही शिकायतों के बाद एआरटीओ (प्रवर्तन) की टीम ने गुप्त जांच अभियान चलाया और यात्री बनकर स्वयं स्थिति का जायजा लिया। जानकारी के अनुसार चारधाम यात्रा सीजन में हरिद्वार पहुंचने वाले श्रद्धालुओं से कुछ ई-रिक्शा और ऑटो चालक निर्धारित किराए से कई गुना अधिक राशि वसूल रहे थे। इस संबंध में परिवहन विभाग को लगातार शिकायतें प्राप्त हो रही थीं। शिकायतों की गंभीरता को देखते हुए एआरटीओ (प्रवर्तन) की टीम ने विशेष अभियान चलाने का निर्णय लिया। अभियान के तहत अधिकारियों ने सामान्य यात्री का भेष धारण कर विभिन्न मार्गों पर ई-रिक्शा में सफर किया। जांच के दौरान कुछ चालकों द्वारा तय किराए से कहीं अधिक धनराशि की मांग की गई। शिकायतों की पुष्टि होते ही अधिकारियों ने मौके पर कार्रवाई करते हुए तीन ई-रिक्शा वाहनों को सीज कर दिया। विभाग की इस कार्रवाई से वाहन चालकों में हड़कंप मच गया। परिवहन विभाग ने स्पष्ट किया है कि चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों के साथ किसी भी प्रकार की अभद्रता, ठगी या ओवरचार्जिंग को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। यदि कोई चालक निर्धारित किराए से अधिक वसूली करता पाया जाता है तो उसके खिलाफ वाहन सीज करने के साथ-साथ परमिट और ड्राइविंग लाइसेंस निरस्तीकरण जैसी कठोर कार्रवाई भी की जा सकती है। अधिकारियों ने बताया कि प्रशासन द्वारा रेलवे स्टेशन, बस अड्डा, हर की पैड़ी और अन्य प्रमुख स्थलों के लिए किराया सूची पहले से निर्धारित की गई है। सभी चालकों को इस सूची का पालन करना अनिवार्य है। यात्रियों से भी अपील की गई है कि वे यात्रा शुरू करने से पहले निर्धारित किराए की जानकारी प्राप्त करें और केवल स्वीकृत किराया ही अदा करें। चारधाम यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु हरिद्वार पहुंच रहे हैं। ऐसे में प्रशासन का प्रयास है कि यात्रियों को सुरक्षित, सुविधाजनक और पारदर्शी परिवहन व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए। परिवहन विभाग ने यह भी कहा है कि भविष्य में ऐसे अभियान लगातार जारी रहेंगे ताकि किसी भी यात्री को आर्थिक नुकसान न उठाना पड़े। विभाग ने श्रद्धालुओं से आग्रह किया है कि यदि कोई चालक तय दर से अधिक किराया मांगता है या दुर्व्यवहार करता है तो इसकी सूचना तुरंत नजदीकी परिवहन विभाग कार्यालय, एआरटीओ चेकपोस्ट अथवा पुलिस हेल्प डेस्क को दें। शिकायत मिलने पर तत्काल जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। परिवहन विभाग की इस कार्रवाई को चारधाम यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं के हित में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। प्रशासन का कहना है कि यात्रा को सुगम और पारदर्शी बनाने के लिए सभी संबंधित विभाग लगातार निगरानी कर रहे हैं और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। Post Views: 4 Post navigation प्रतापनगर में युवक की मौत पर बवाल, शव लेने से इनकार कर धरने पर बैठे परिजन; कार्रवाई की मांग तेज तबादला सत्र को मिली नई मोहलत, अब 30 जून तक होंगे सरकारी कर्मचारियों के स्थानांतरण