xiom‑4 मिशन: शुभांशु शुक्ला बने दूसरे भारतीय अंतरिक्ष यात्री ह्यूस्टन/नई दिल्ली, 25 जून:

भारतीय अंतरिक्ष इतिहास में एक और स्वर्णिम अध्याय जुड़ गया है। उत्तर प्रदेश के शुभांशु शुक्ला को Axiom Space के आगामी मिशन Axiom‑4 (Ax‑4) के लिए अंतरिक्ष यात्री के रूप में चुना गया है। वह इस मिशन में शामिल होने वाले दूसरे भारतीय और पहले उत्तर भारतीय नागरिक बनेंगे जो वाणिज्यिक अंतरिक्ष मिशन के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) तक पहुंचेंगे।
राकेश शर्मा के बाद अब शुभांशु
भारत के पहले अंतरिक्ष यात्री राकेश शर्मा ने 1984 में सोवियत संघ के साथ अंतरिक्ष यात्रा की थी। चार दशकों के बाद अब शुभांशु शुक्ला के रूप में देश को एक और अंतरिक्ष यात्री मिला है। यह मिशन Axiom Space और NASA के सहयोग से संचालित किया जा रहा है।
मिशन की विशेषताएँ:
Ax‑4 मिशन एक वाणिज्यिक क्रू मिशन है, जिसे SpaceX के Crew Dragon कैप्सूल से प्रक्षेपित किया जाएगा।
मिशन का लक्ष्य अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) में 14 दिनों तक रहकर अनुसंधान, माइक्रोग्रैविटी परीक्षण और शैक्षणिक अभियानों को अंजाम देना है।
शुभांशु शुक्ला के साथ अन्य अंतरराष्ट्रीय यात्री भी इस मिशन में शामिल होंगे।
शुभांशु शुक्ला एक पूर्व वायुसेना अधिकारी रह चुके हैं। उनके पास एयरोस्पेस इंजीनियरिंग और उड़ान परीक्षण का गहरा अनुभव है। वे पिछले कुछ वर्षों से अमेरिका में प्रशिक्षण ले रहे थे और Axiom की चयन प्रक्रिया में शीर्ष स्थान पर रहे।
इस घोषणा के बाद पूरे देश, विशेषकर उत्तर प्रदेश में खुशी की लहर है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और ISRO प्रमुख ने शुभांशु को बधाई दी और इसे भारत के अंतरिक्ष क्षेत्र के लिए गौरव का क्षण बताया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट किया: “शुभांशु शुक्ला की उपलब्धि हर भारतीय के लिए प्रेरणा है। यह भारत की नई अंतरिक्ष सोच का प्रतीक है।”