Spread the love देहरादून इस समय भीषण गर्मी की चपेट में है और राजधानी समेत पूरे उत्तराखंड में तापमान ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। अप्रैल के अंतिम दिनों में ही पारा तेजी से चढ़ते हुए 39 से 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है, जो इस सीजन का अब तक का सबसे अधिक स्तर माना जा रहा है। तेज धूप और गर्म हवाओं ने हालात ऐसे बना दिए हैं कि दोपहर के समय शहर की सड़कों पर सन्नाटा पसरा दिखाई देता है और लोग केवल जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। देहरादून के साथ-साथ हरिद्वार और ऊधमसिंह नगर जैसे मैदानी जिलों में भी गर्मी ने लोगों को बेहाल कर दिया है। हीटवेव जैसी स्थिति के चलते सबसे ज्यादा असर बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों पर पड़ रहा है। लगातार बढ़ते तापमान के कारण शरीर में पानी की कमी, चक्कर आना और थकान जैसी समस्याएं बढ़ रही हैं। इसे देखते हुए जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर है और नागरिकों से सतर्क रहने की अपील कर रहा है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए कई स्थानों पर स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है, जबकि कुछ क्षेत्रों में प्राथमिक कक्षाओं और आंगनबाड़ी केंद्रों को अस्थायी रूप से बंद करने का निर्णय लिया गया है, ताकि बच्चों को भीषण गर्मी से सुरक्षित रखा जा सके। शिक्षा विभाग ने स्कूल प्रबंधन को निर्देश दिए हैं कि बच्चों के स्वास्थ्य को प्राथमिकता दी जाए और जरूरत पड़ने पर वैकल्पिक व्यवस्थाएं अपनाई जाएं। स्वास्थ्य विभाग ने भी एडवाइजरी जारी करते हुए लोगों को दिन के समय घरों में रहने, अधिक मात्रा में पानी और तरल पदार्थ लेने, हल्के और ढीले कपड़े पहनने तथा धूप में निकलते समय सिर को ढकने की सलाह दी है। अस्पतालों में हीट स्ट्रोक और डिहाइड्रेशन से जुड़े मामलों में धीरे-धीरे बढ़ोतरी देखी जा रही है, जिसके चलते चिकित्सा व्यवस्थाओं को भी सतर्क रखा गया है। इसी बीच मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में राहत की उम्मीद जताई है। पूर्वानुमान के अनुसार 28 अप्रैल से देहरादून समेत उत्तराखंड के कई जिलों में मौसम करवट ले सकता है। गरज-चमक के साथ बारिश, तेज आंधी और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि होने की संभावना है। इससे तापमान में गिरावट आने की उम्मीद है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है। हालांकि मौसम विभाग ने यह भी चेतावनी दी है कि आंधी और ओलावृष्टि के दौरान सतर्क रहने की जरूरत है, क्योंकि इससे पेड़ गिरने, बिजली आपूर्ति बाधित होने और फसलों को नुकसान पहुंचने की आशंका बनी रह सकती है। प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए हैं और आपदा प्रबंधन टीमों को भी तैयार रखा गया है। कुल मिलाकर, देहरादून और उत्तराखंड इस समय मौसम के दोहरे प्रभाव का सामना कर रहे हैं। एक ओर जहां भीषण गर्मी लोगों को परेशान कर रही है, वहीं दूसरी ओर आने वाले दिनों में संभावित बारिश और आंधी से राहत की उम्मीद भी बनी हुई है। ऐसे में प्रशासन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और लोगों से सावधानी बरतने की अपील कर रहा है, ताकि किसी भी प्रकार की समस्या से बचा जा सके। Post Views: 5 Post navigation देहरादून में हीट वेव का असर: 27 अप्रैल को स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र रहेंगे बंद चारधाम यात्रा 2026 ने पकड़ी रफ्तार, 2.97 लाख से ज्यादा श्रद्धालु कर चुके दर्शन