Spread the loveदेहरादून, 4 अप्रैल 2026: राजधानी देहरादून के राजपुर थाना क्षेत्र में 30 मार्च को हुए रिटायर्ड ब्रिगेडियर मुकेश जोशी की हत्या के मामले में पुलिस ने अब तक सात आरोपियों को गिरफ्तार कर मामले को सुलझाने में महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। इस मामले में मंगलवार को पुलिस ने तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया, जिनके नाम आदेश गिरी, समीर चौधरी और मोहित अरोड़ा बताए जा रहे हैं। इससे पहले पुलिस चार आरोपियों को पहले ही जेल भेज चुकी थी। घटना का पूरा क्रमपुलिस जांच में पता चला कि यह हत्या दो पक्षों के आपसी विवाद का नतीजा थी। 29 मार्च की रात को कुठालगेट के पास एक बार में बिल को लेकर स्टाफ और ग्राहकों के बीच कहासुनी हुई थी। विवाद छोटे‑मोटे बहस में शुरू हुआ, लेकिन अगले दिन यानी 30 मार्च को सुबह यह खूनी संघर्ष में बदल गया।सुबह लगभग 6 से 6:30 बजे के बीच, काले रंग की स्कॉर्पियो में बैठे कुछ युवकों ने सफेद कार का पीछा करते हुए फायरिंग शुरू कर दी। यह पीछा जोहड़ी गांव तक चला। इसी दौरान मॉर्निंग वॉक पर निकले रिटायर्ड ब्रिगेडियर मुकेश जोशी अनजाने में गोली का शिकार बने। गोली लगने के तुरंत बाद उनकी मौत हो गई, जिससे इलाके में सन्नाटा और सनसनी फैल गई। पुलिस की ताबड़तोड़ कार्रवाईएसएसपी देहरादून के निर्देश पर कई टीमों का गठन किया गया। 30 मार्च को पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया था, जिनके पास से अवैध हथियार भी बरामद हुए। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने अन्य नामों का खुलासा किया। इसी क्रम में मंगलवार को पुलिस ने तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया।एसपी सिटी प्रमोद सिंह ने स्पष्ट किया कि मामले में किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस ने कहा कि फरार चल रहे अन्य आरोपियों की भी गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश जारी है। कानून व्यवस्था और सामाजिक प्रभावयह हत्याकांड देहरादून में कानून-व्यवस्था के लिए चिंताजनक संकेत माना जा रहा है।घटना के बाद स्थानीय प्रशासन ने इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी है।पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है और आम जनता से भी सहयोग की अपील की गई है। आगे की कार्रवाईपुलिस का कहना है कि सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद ही मामले की पूरी गुत्थी सुलझेगी। हत्या के पीछे का मूल कारण, अपराधियों के आपसी संबंध और घटना में इस्तेमाल हथियार की जांच जारी है।मुख्य आरोपी अब कोर्ट में पेश किए जाएंगे, और पुलिस जल्द ही पूरे मामले का विस्तृत खुलासा कर सकती है। Post Views: 3 Post navigationदेहरादून में रिश्वतखोरी का बड़ा मामला: उप शिक्षा अधिकारी और सह-अभियुक्ता रंगे हाथ गिरफ्तार